उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी का विरोध करने जुटे किसानों पर कथित तौर पर एक ड्राइवर ने गाड़ी चढ़ा दी जिसके बाद वहां हंगामा खड़ा होगया
घटना तिकुनिया इलाके की है जहां आरोप है कि कार चालक ने किसानों पर गाड़ी चढ़ा दी जिससे 8 लोगों की मौत हो गई और बोहत सारे किसान बुरी तरह से घायल हो गए. इस घटना से गुस्साए लोगों ने वहां तीन गाड़ियों में आग लगा दी. बताया जा रहा है कि मारे गए लोगों में चार किसान और 4 BJP कार्यकर्ता हैं.
हालात बिगड़ने पर मुख्यमंत्री योगी ने ADG L O प्रशांत को मौके पर लखीमपुर खीरी भेजा है. बताया जा रहा है कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री के पैतृक गांव के दौरे को लेकर डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य को रिसीव करने के लिए उनके बेटे आशीष मिश्रा जा रहे थे इसी दौरान विरोध कर रहे किसानों से उनकी झड़प हो गई.
इसी बहस के दौरान जब वो वहां से जा रहे थे तो उनकी गाड़ी की टक्कर से कुछ किसान घायल हो गए. इससे गुस्साए अन्य किसानों ने संसद पुत्र की गाड़ी समेत दो अन्य वाहनों में आग लगा दी.
वहीं इस बवाल को लेकर लखनऊ जोन के AJD SN साबत ने कहा कि इस घटना में अब तक दो लोगों के मारे जाने की सूचना है और मौके पर लखनऊ रेंज की IG लक्ष्मी सिंह कैंप कर रही है. वहां आसपास के थानों से भी फोर्स बुलाई गई है.
आप को बतादे की लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में आयोजित होने वाले कुश्ती कार्यक्रम में डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य के पहुंचने से पहले किसान, कृषि कानून के विरोध में काला झंडा दिखा रहे थे, इसी दौरान BJP नेता के पुत्र से झड़प हो गई. BJP नेताओं पर गाड़ी किसानों के ऊपर चढ़ाने का आरोप है.
हालांकि जहां अधिकारी सिर्फ 2 मौत होने का दावा कर रहे हैं वहीं भारतीय किसान यूनियन ने बयान जारी कर कहा है कि मंत्री के बेटे ने किसानों को अपनी गाड़ी से रौंद दिया जिसमें कई किसानों की मौत हो गई. किसान नेता राकेश टिकैत भी लखीमपुर खीरी के लिए निकल गए हैं.
किसानों पर हुए इस हमले को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश ने ट्वीट कर योगी सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, 'कृषि कानूनों का शांतिपूर्ण विरोध कर रहे किसानों को BJP सरकार के गृह राज्यमंत्री के पुत्र द्वारा, गाड़ी से रौंदना घोर अमानवीय और क्रूर कृत्य है. UP उत्तर प्रदेश दंभी भाजपाइयों का ज़ुल्म अब और नहीं सहेगा. यही हाल रहा तो UP में भाजपाई न गाड़ी से चल पाएंगे, न उतर पाएंगे.'